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Thursday, September 22, 2016

टियर स्मोक ग्रेनेड के भूषण तथा सिंगल वे टियर स्मोक ग्रेनेड के चाल और पार्ट्स का नाम

पिछले पोस्ट में हमने टियर स्मोक पार्टी के करने और न करने वाली बाते के बारे में जिक्र किया और  इस पोस्ट में मै टियर स्मोक के भूषण के पार्ट्स तथा चाल और  सिग्नल वे टियर स्मोक ग्रेनेड के चाल  (Tear smoke ke bhushan aur signle way grenade ki chal) और पार्ट्स के नाम के बारे में बात करेंगे !




टियर स्मोक में मुख्य दो भाग होते है(tear smoke grenade ke bhag) :
  1. भूषण (Bhushan)
  2. बॉडी (Body)
1. भूषण (Bhushan): भूषण भी दो प्रकार के होते है : (a)एक सेकंड का भूषण(one secon bhushan) - जल्दी जलने वाला  (b)दो सेकंड का भूषण(DO second ka bhushan) - डिले टाइप !
जल्दी जलने वाला भूषण को सिंगल वे ग्रेनेड में तथा डिले टाइप भूषण को थ्री वे ग्रेनेड  (three way grenade)में  इस्तेमाल किआ जाता है ! जल्दी जलने वाले भूषण का पहचान है की उसके ऊपर एक सेकंड लिखा रहता है तथा डिले टाइप भूषण के लीवर पर दो सेकंड लिखा रहता है ! लेकिंग आज कल  जो जल्दी टाइप भूषण मिल रहा है उसके ऊपर कुछ नहीं लिखा रहता है यानि जिस भूषण पे एक सेकंड या कुछ नहीं लिखा हुवा हो उसे हमे जल्दी टाइप भूषण ही समझना चाहिए !


भूषण के हिस्से पुरजो का नाम 
  • लीवर (lever)
  • स्प्लिट पिन (Split pin)
  • रिंग(Rig)
  • हैमर (स्टीकर )(Hamer sticker)
  • प्रीकुसन कैप (Precuation cap)
  • .32 ब्लैक कार्ट्रिज (.32 black cartridge)
  • स्पेशल स्प्रिंग (Special spiral spring)
चाहे भूषण  एक सेकंड वाला हो या दो सेकंड वाला इसकी चाल सिंगल वे या थ्री वे ग्रेनेड में एक जैसा ही है ! जब ये एक्शन में नहीं होता है तो इसके हिस्सेपुर्जो की पोजीशन इस प्रकार होती है -


 हैमर, लीवर के निचे सुरक्षित दबा होता है तथा लीवर को अपनी जगह पर ठीक रखने के लिए भूषण के शोल्डर के सुराख़ में स्प्लिट पिन को डाला होता है ताकि लीवर अपनी जगह बनाये रहे और लीवर के निचे हैमर सुरक्षित रहता है !

स्प्लिट पिन के दोनों किनारे बहार को खुले रहते है ताकि पिन अपनी जगह से हिल न पाए और हादसों से बचा जा सके !

ग्रेनेड के भूषण का चाल (Tear smoke Grenade ke bhashan ka chaal)- जब स्प्लिट पिन को निकल कर ग्रेनेड को हवा में फेंकते है तो लीवर आजाद होता है जिसकी वजह से लीवर के निचे दब हुवा हमेर अपने स्पाइरल स्प्रिंग की तकाद से अपने पाइवोट पर ऊपर को हरकत करता है और जोर से पेर्कुसन कैप पर ठोकर मरता है , जिससे आग का शोला पैदा होता है !
ये शोला .32 ब्लैक  कार्ट्रिजको आग लगा देता है ! .32 ब्लैक कार्ट्रिज में आग लगने से इसकी आग तेजी से ग्रेनेड में भरे  हुए इग्निसन पेस्ट(Iginiation paste) को आग लगा देता है !यहाँ पे भूषण की चल समाप्त हो जाती है 


2. बॉडी(TS Grenade ke body ka parts ka naame) :ग्रेनेड की बॉडी में निम्न हिस्से पुर्जे होते है :
  • प्रेशर चम्मेर(pressure chamber) 
  • बॉडी (body)
  • गैस इमिसन होल्स (Gas Emission holes)
  • इग्निशन पेस्ट (Iginiation paste)
  • मिक्सर ऑफ़ गैस (Mixture of gas)
सिंगल वे ग्रेनेड का चाल(Single way TS granade ka chaal) :जब भूषण .32 कार्ट्रिज  से  आग का शोला निकलता है तो वह ग्रेनेड के प्रेशर चैम्बर से होते हुए इगिनिसन पेस्ट को आग लगा देता है ! इसपर आग लगने से ग्रेनेड में भरे गैस मिश्रण को भी आग लग जाती है , इस प्रकार ग्रेनेड के अन्दर आग लगने  से गैस इतने दबाव के साथ बहार आ जाती है की वह चिपकाने वाले फीते को फाड़(Blast in adhensive tape) कर गैस,टियर स्मोक गैस इमिसन होल से बड़े दवाव के साथ बहार आने लगता है ! 

इस हालत में इसके ऊपर पानी भी डाला जाय तो भी इसके ऊपर कोई असर नहीं पड़ेगा और इसका बॉडी इतना गर्म  हो जाता है की इसको उठा कर नहीं फेका जा सकता है और आश्रू गैस करीबन 25 से 35 सेकंड तक निकलते रहता है ! और यहाँ पर सिग्ने वे टियर स्मोक ग्रेनेड का चाल पूरा हो जाता है ! 
इसप्रकार से यहाँ ग्रेनेड के हिस्से पुर्जे, ग्रेनेड के भूषण की चाल और सिंगल वे ग्रेनेड की चल से स्मपधित संक्षिप्त पोस्ट समाप्त हुई !और उम्मीद  है की ये पोस्ट पसंद आएगा! अगर की कमेंट होतो निचे कमेंट बॉक्स में जरुर लिखे !ब्लॉग को  सब्सक्राइब और अपने दोस्तों के बिच भी फेसबुक के ऊपर शेयर  कर हमलोगों को सपोर्ट  करे 


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इन्हें भी पढ़े :
  1. Basic data of 5.56mm INSAS and It characteristics.
  2. 5.56mm INSAS ki chal in hindi , 5.56mm INSAS की चाल हिंदी में.
  3. 9 mm पिस्तौल ब्राउनिंग का बेसिक टेक्नीकल डाटा
  4. 7.62 mm एसएलआर राइफल की खुबिया और खामिया
  5. 9 mm पिस्तौल का खुबिया और खामिया
  6. .303 LE राइफल का इतिहास
  7. Lee Enfield .303राइफल का टेक्नीकल डाटा
  8. Lee Enfield 303राइफल की खूबिय और खामिया
  9. 9 mm कार्बाइन मचिन या सब मचिन गन का इतिहास और खुबिया
  10. 9mm कार्बाइन का टेक्नीकल डाटा -II

Wednesday, September 21, 2016

एक मिनट ड्रिल - एक हाथ से मगज़ीन को भरना

पिछले पोस्ट में हमने एक मिनट  ड्रिल - एक हाथ से AK-47 को खलना और जोड़ना के बारे में जानकारी शेयर किये इस पोस्ट में हम  एक और एक मिनट ड्रिल - एक हाथ से मागज़ीने को भरना(Ek hath Rifle se magzine ko bharna)  के बारे में जानकारी शेयर करेगे !


जैसे हम जानते है की पुलिस और आर्म्ड फाॅर्स के जवानों का जो प्राइम टास्क(Primary Task) है वह है लॉ & आर्डर(Law & Order) को बनाये रखना तथा अपराध को होने से रोखना ! इस अपराध को रोकने के लिए उन्हें बहुत बार ऐसा होता है की अपने जान को भी जोखिम में डालना पड़ता है और और अपराधियो से हथियार का सामना करना पड जाता है जिसे बदले में अपनी बचाव या आप जनता के बचाव में पुलिस को भी फायरिंग करनी  पड़ती है ! 


एक हाथ से मगज़ीन को भरना 
फायरिंग के दौरान अगर कभी भी एक हाथ में चोट लग जाये तब  मागज़ीन  को  जल्दी से जल्दी भरना पड़े  जब अगर एक मगज़ीन किसी कारन बस काम नहीं करती है तो राउंड्स को दूसरी खाली पड़ी मगज़ीन में जल्दी से जल्दी  भर कर फायर में सामिल करना पड़ता है !

जरुर  पढ़े : एक हाथ से राइफल के मगज़ीन को भरना




ड्रिल के सामान(Drill ke saman) : 
  1. AK-47 के मगज़ीन और 20 राउंड्स (AK-47 ke magzin aur 20 rounds ) 
  2. एसएलआर के दो मगज़ीन और 20 राउंड्स(SLR  ke  do magzin aur 20 rounds )
  3. 9 mm पिस्तौल दो मगज़ीन और 20 राउंड्स ((9 mm pistok ke  do magzin aur 20 rounds )
ड्रिल करने की तरतीब(Drill karne ki tartib) : 
  1. इस ड्रिल में ट्रेनीज को एक मिनट में 20 राउंड्स को AK-47 के मगज़ीन में भरना रहता है !
  2. उसके बाद एक मिनट में एसएलआर के दो मगज़ीन में 10-10 राउंड्स भरना रहता है !
  3. और फिर एक मिनट में 9 mm पिस्तौल का दो मगज़ीन में 10-10 राउंड्स भरना है !
इस ड्रिल को किसी भी सीक्वेंस में कराया जा सकता है और बार बार प्रैक्टिस करने से जवान इन मग्ज़िनो को कम से कम समय में भरने के कबी हो सकते है जो की जरुरत पड़ने पे ऑपरेशन के दौरान बहुत काम आएगा ! 
जरुर  पढ़े : राइफल को तेजी के साथ सफाई करना

इस प्रकार से एक हाथ से AK-47 राइफल खोलने और जोड़ने का एक मिनट ड्रिल समाप्त हुवा !उम्मीद  है की ये पोस्ट पसंद आएगा! अगर की कमेंट होतो निचे कमेंट बॉक्स में जरुर लिखे !ब्लॉग को  सब्सक्राइब और अपने दोस्तों के बिच भी फेसबुक के ऊपर शेयर  कर हमलोगों को सपोर्ट  करे 

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इन्हें भी पढ़े :
  1. एक मिनट ड्रिल कैसे कराये?
  2. एक मिनट ड्रिल का उदेश क्या है?
  3. One Minute Drill training करने का तरीका 
  4. एक मिनट ड्रिल का क्लासिफिकेशन
  5.  ड्रेस बदलना थोड़े समय में 
  6. एक पैर पे खड़ा होकर जूता का लेस बंधना
  7. सुई धागे से एक बटन को लगाना 
  8. सही तरह से यूनिफार्म पहनना
  9. मार्च पास्ट में गलती ढूढना!
  10.  वर्ड ऑफ़ कमांड और मार्चिंग दस्ते पे कण्ट्रोल का त्वरित अभ्यास



एक मिनट ड्रिल - एक हाथ से AK-47 राइफल को खोलना और जोड़ना

पिछले पोस्ट में हमने एक मिनट ड्रिल मेडिसिन बॉल को पास ऑन करना और उसके फायदे के बारे में जानकारी शेयर किए इस पोस्ट में  हम एक मिनट ड्रिल ; एक हाथ से AK-47 राइफल को खोलना और जोड़ना (Ek hath se AK-47 ko kholna jodna)का ड्रिल के बारे में जानकरी शेयर करेंगे !




जैसे की हम जानते है की आर्म्ड फाॅर्स के जवान तरह तरह के काम करते है लेकिंग उनका प्राइमरी काम(Primary duty) है सुरक्षा व्वस्था को कायम रखना और उसके लिए उन्हें वेपन हैंडलिंग(Weapon handling)  में माहिर होना चाहिए जिससे की ओ कैसी भी परिस्थिति हो ओ अपना प्राइमरी टास्क को पूरा कर सके !
एक मिनट ड्रिल-एक हाथ से  हैंडलिंग ऑफ़ AK-47 राइफल 
इस लिए आज जिस एक मिनट ड्रिल  के बारे में मै बात कर रहा हु उसे वेपन ट्रेनिंग तथा ऐसे भी समय समय पे जवानों के बिच कॉम्पिटीसन  के तौर पे करा जाय सकता है !

इसके लिए जरुरी सामान(is drill ke liye saman) : AK-47 राइफल और ग्राउंड सिट

एक हाथ से राइफल खोलने जोड़ने का ड्रिल की तरीका(AK-47 ko ek hath se khone jodne ka drill ka tarika) : इस  ड्रिल के दौरान एक जवान की हाथ को  हम ऐसे ट्रीट करते है जैसे की उसके एक हाथ में चोट लग गई हो या टूट गया हो यानि ओ एक हाथ से ही कार्य कर सकता है दूसरा हाथ को इस्तेमाल् नहीं करेगा !
जरुर  पढ़े: राइफल को तेजी के साथ सफाई करना
हाथ को निश्चित  करने के बाद पूरी टीम जो इस ड्रिल में सामिल होने वाली है उन्हें ग्राउंड सिट के ऊपर अपने हथियार के साथ खड़ा करा दिया जाता है और उसके बाद एक छोटी सिटी बजाई जाती है जिसके ऊपर ओ हथियार को खोलना चालू करते है !  दिए हुए समय होने के बाद जब सबी अपना अपना हथियार को खोल देते है तो उस्ताद उन के खोले हुए हथियार को देखता है की ओ तरतीब से खुला हा की नहीं अगर कोई गलती रहती है तो वही पे बताता है !

जब सभी की खुली हुई हथियार चेक कर ली गई  हो तो उसके बाद फिर से एक हाथ से जोड़ने को बोला जाता है और जुड़ने के बाद फिर उस्ताद हथियारों को चेक करता है और कोई गलती है उसको बताता है !

इस ड्रिल को करते समय ये ध्यान रखना चाहिए की जोश में होस न खोए और गलती न करे ! जोड़ते समय की गई गलती के कारन हो सकता है कि हथियर जरुरत के समय फायर न करे ! बार बार इस ड्रिल को दोहराने से जवानों के बिच एक आत्मविश्वास पैदा होता है !

जरुर  पढ़े: एक हाथ से राइफल के मगज़ीन को भरना

इस प्रकार से एक हाथ से AK-47 राइफल खोलने और जोड़ने का एक मिनट ड्रिल समाप्त हुवा !उम्मीद  है की ये पोस्ट पसंद आएगा! अगर की कमेंट होतो निचे कमेंट बॉक्स में जरुर लिखे !ब्लॉग को  सब्सक्राइब और अपने दोस्तों के बिच भी फेसबुक के ऊपर शेयर  कर हमलोगों को सपोर्ट  करे 

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  1. एक मिनट ड्रिल कैसे कराये?
  2. एक मिनट ड्रिल का उदेश क्या है?
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  5.  ड्रेस बदलना थोड़े समय में 
  6. एक पैर पे खड़ा होकर जूता का लेस बंधना
  7. सुई धागे से एक बटन को लगाना 
  8. सही तरह से यूनिफार्म पहनना
  9. मार्च पास्ट में गलती ढूढना!
  10.  वर्ड ऑफ़ कमांड और मार्चिंग दस्ते पे कण्ट्रोल का त्वरित अभ्यास

मेडिसिन बॉल को एक दुसरे के बिच में पास ऑन करना

पिछले एक मिनट ड्रिल के पोस्ट में हमने एक लें में दौड्ना और रंगीन बॉल के उठाना और इस एक मिनट ड्रिल के पोस्ट में मेडिसिन बॉल को एक दुसरो को पास करना(Medicine Ballke pass on karna) है !



सुबह के पीटी के ट्रेनिंग  के एकरूपता(monotonous) और बोरियत(Boring) को कम करने तथा ट्रेनीज को और एकाग्र  रहने तथा उनके अन्दर खेल खेल में ही ट्रेनिंग देने तरह तरह के नुक्शे आजमाए जाते है और उसी कड़ी में एक है मेडिसिन बल के एक दुसरे के बिच पास ऑन करना !

जरुरी सामान:  3 मेडिसिन बल  और 20-30 ट्रेनीज 

करवाई(Medicine ball pass on ki karwai) : ये खेल ज्यदातर पीटी के लास्ट के 10-15 मिनट के दौरान कराया जाता है जब ट्रेनीज पूरी तरह से वार्म उप रहते है !  पुरे ट्रेनीज को एक सर्किल में खड़ा करा दिया जाता है और उसके बाद गेम से सम्बंधित नियम बताया जाता है जो इस प्रकार से है !

जरुर  पढ़े: राइफल को तेजी के साथ सफाई करना

  • सिटी बजने के बाद मेडिसिन बॉल्स को इक दुसरे के बिच पास ऑन करना है !
  • मेडिसिन बॉल पास ऑन के दौरान कभी भी फिर से सिटी बज सकती है और उस सिटी के समय मेडिसिन बॉल जिन लोगो के पास होगा उनको ग्रुप द्वारा  उस समय निर्धारित सजा मिलेगी जैसे की फ्रॉग जम्प , डक चाल  या फ्रंट रोल ,कुछ इंटरटेनिंग  एक्ट की भी सजा मिलेगी !
  • एक्ट के बाद फिर से गेम को चालू किआ जायेगा !
इस गेम को और इंटरटेनिंग बनाने या थोडा और कठिन बनाने के लिए मेडिसिन बॉल की संख्या बधाई या घटी जा सकती है !

इस ड्रिल के फायदे(Medicine ball passon karne ke fayde) :
  • फिजिकल स्ट्रेंग्थ को बढ़ता है 
  • आपसी कोर्डिनेसन क बढ़ता है 
  • ट्रेनीज के अन्दर के स्ट्रेस को कम करता है
  • ट्रेनीज के अलर्टनेस  को बढ़ता है 

इस प्रकार से यहाँ पासिंग ऑफ़ मेडिसिन बॉल से सम्बंधित एक मिनट ड्रिल  की जानकारी समाप्त हुई !और उम्मीद  है की ये पोस्ट पसंद आएगा! अगर की कमेंट होतो निचे कमेंट बॉक्स में जरुर लिखे !ब्लॉग को  सब्सक्राइब और अपने दोस्तों के बिच भी फेसबुक के ऊपर शेयर  कर हमलोगों को सपोर्ट  करे 


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  2. एक मिनट ड्रिल का उदेश क्या है?
  3. One Minute Drill training करने का तरीका 
  4. एक मिनट ड्रिल का क्लासिफिकेशन
  5.  ड्रेस बदलना थोड़े समय में 
  6. एक पैर पे खड़ा होकर जूता का लेस बंधना
  7. सुई धागे से एक बटन को लगाना 
  8. सही तरह से यूनिफार्म पहनना
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Tuesday, September 20, 2016

टियर स्मोक स्क्वाड पार्टी के लिए करने और न करने वाली बाते और सावधानिया

पिछले पोस्ट में हमने टियर स्मोक गैस के स्टोरेज के बारे में बात किया  था इस पोस्ट में मै टियर स्मोक फायर करने वाले के  टियर स्मोक फायर करते समय टियर स्मोक स्क्वाड कमांडर को   क्या करना और क्या नहीं करना चाहिए(Do and Don't do for tear smoke squad) तथा क्या क्या सावधानिया बरती चाहिए इसके बारे में बात करेंगे !



Image result for tear smoke firing team
Tear smoke firing

जैसे हम जानते है की मजमा को तितर बितर करने का उत्तम और बिना जख्म दिया तितर बितर करने के लिए टियर स्मोक सबसे प्रभावी तरीका है ! लेकिन टियर स्मोक के स्क्वाड कमांडर को कुछ बातो का ख्याल रखना चाहिए टियर स्मोक को छोड़ते समय ! निम्न बाते है जीसको  करना या नहीं करना चाहिए टियर स्मोक को फायर करते समय !

जरुर पढ़े : आश्रू गैस के प्रकार तथा उसके उपयोग

(a) टियर स्मोक स्क्वाड कमांडर को   क्या करना (Tear smoke commander should do):
  • मजमे के रवैया , हालत और जगह के देखते हुए आश्रू गैस का इस्तिमाल करना चाहिए!
  • जरुरत के मुताबिक ही गैस इस्तेमाल करना चाहिए !
  • गैस इस्तेमाल करते समय गैस स्क्वाड का सुरक्षा का पूरा ध्यान रखना चाहिए ! 
  • जिस जगह पर ठोस गैस के ग्रेनेड /शेल्लो से आग लगने की अंदेशा हो वह माया गैस का इस्तेमाल करना चाहिए  या फिर गैस टोर्च का प्रयोग करना चाहिए !
  • सार्वजनिक स्थान पर गैस के इस्तेमाल से पहले वह के निवासिओ को सूचित करना चाहिए और बचने का तरीका बताना चाहिए !
  • मौसम हवा का ध्यान रखते हुए गैस का इस्तेमाल करना चाहिए !
  • लाइन ऑफ़ रिलीज ऐसे जगह बनाये जहा से मजमे पर उसका असर ज्यादा हो !
  • जहाँ ग्रेनेड /शेलो का इस्तेमाल करना संभव न हो वह गैस टोर्च का इस्तेमाल करे !
  • जहा तक हो सके औरतों और बच्चोके मजमे पर गैस टोर्च का इस्तेमाल करें !
  • ग्रेनेड तथा शेलो को इस्तेमाल से पहले इस बात का यकीं करो की कहीं इनकी बॉडी में टूट फुट तो नहीं है !
  • शेलों को एंगल से ही फिरे करना चाहिए !
(b) टियर स्मोक स्क्वाड कमांडर को   क्या नहीं करना (Tear smoke commander should not do):
  • गैस इस्तेमाल करते समय ढीली करवाई न करे !
  • ब्लास्ट कार्ट्रिज को किसी के चेहरे पर फायर नहीं करे !
  • फ्लाइट रायट शेल को खुले मजमे पर इस्तेमाल नहीं करे !
  • शेलो पर किसी सकत दिवार पर डायरेक्ट फिरे नहीं करना चाहिए !
  • निश्चित करे की रायट ड्रिल पार्टी कमांडर के हुकुम के बिना कोई करवाई न करे !
  • बहुत तेज हवा में आश्रू गैस को इस्तेमाल न करे !
  • बिना जरुरत के गैस स्क्वाड को रेस्पिराटर न पहनाए!
  • ढलवां जमीन तथा छतो पर ग्रेंडे तथा शेल का इस्तेमाल न करे !
  • गैस पार्टी को मजमा तितर बितर होने के तुरंत बाद अपने जगह से मत हटाओ !


(c) टियर स्मोक स्क्वाड कमांडर के लिए कुछ सावधानिया(List of precuations for tear smoke commander) 
  • फायर किये हुए प्रैक्टिस शेल के खोखे को कैप लगाने के पहले गैस गन में डालकर इन्हें देख लेना चाहिए! की यह बरेल से ठीक प्रकार से गुजरता है या नहीं ! 
  • कई बार शेल के फायर करने पर शेल के प्रोजेक्टिल का शक्ल टेढ़ी मेढ़ी हो जाती है तो वह बैरल में नहीं आता ! यानि कैप चढाने से पहले ये देखलेना चाहिए की क्या इसका प्रोजेक्टिल बैरल में ठीक से आता है ! जो प्रोजेक्टिल टेढ़ा हो गया है उसको खोखले ब्लाक में लगा के लकड़ी इ हथोड़े से पिट कर सीधा कर ले !
  • पर्कुएसन(Percuation cap) लगते समय कभी भी  पर्कुएसन के ऊपर जोर से ठोकर नहीं मरना चाहिए नहीं तो कोई हादसा भी  हो सकता है !
  • पर्कुएसन कैप क लगते समय चश्मे का उपयोग करना चाहिए ताकि हादसा से बचा जा सके !
जरुर  पढ़े :आश्रू गैस के इतिहास तथा प्रभाव

इस प्रकार से टियर स्मोक के सदस्य और उसके कमांडर को टियर स्मोक फायर करते समय क्या करना और क्या नहीं करना चाहिए  की संक्षिप्त जानकारी समाप्त  हुई !और उम्मीद  है की ये पोस्ट पसंद आएगा! अगर की कमेंट होतो निचे कमेंट बॉक्स में जरुर लिखे !ब्लॉग को  सब्सक्राइब और अपने दोस्तों के बिच भी फेसबुक के ऊपर शेयर  कर हमलोगों को सपोर्ट  करे 


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इन्हें भी पढ़े :
  1. 7.62mm LMG का दुरुस्त शिस्त , दुरुस्त पकड़ और दुरुस्त फायर का तरीका
  2. LMG के चाल तथा फौरी इलाज से दूर होने वाले 4 LMG के रोके l
  3. ट्राईपोड़ और LMG को माउंट और डिसमाउंट करने का तरीका
  4. 7.62 LMG को फिक्स्ड लाइन पर लगाने और फायर करने का तरीका
  5. 51 mm मोर्टार तथा इसके डायल साईट के बेसिक टेक्निकल जानकारी
  6. 51mm मोर्टार को खोलना जोड़ना और उसके पार्ट्स के नाम
  7. 51mm मोर्टार की साफ सफाई का तरीका
  8. 51mm मोर्टार के हाई एक्सप्लोसिव बम की चाल और पहचान
  9. स्मोक और इल्लू बम का चाल और बेसिक डाटा
  10. 30mm AGL के बेसिक टेक्नीकल डाटा , विशेषताए और पार्ट्स का नाम

आश्रू गैस को स्टोर करते समय ध्यान में रखने वाली बाते

पिछले पोस्ट में हमने टियर स्मोक के सिद्धांत तथा इस्तेमाल करते समय ध्यान में रखने वाली बाते इसके बारे में जानकारी शेयर किये इस पोस्ट में हम टियर स्मोक के स्टोरेज करते समय ध्यान में रखने वाली बाते(Tear smoke ko store karte samay dhyan me rakhnewali bate) के बारे में जानकारी शेयर करेंगे !



जैसे की हम जानते है की टियर स्मोक गैस में आंसू गैस पैदा करने वाला बहुत से केमिकल का मिश्रण रहता है और उसके साथ उसमे प्रोपोल्लेंट(Propellant) तथा .22 कैप यदि भी होते है ! 

आश्रू गैस के सही तथा प्रभावकारी उपयोग के लिए ये जरुरी है की इसका रख रखाव(Storge) सही प्रकार से किया जाय नहीं तो ये मौके पे फायर करते समय काम नहीं करगा और मिस फायर(mis fire) या ब्लास्ट(Blast) हो सकता है  ! इसी लिए ये जरुरी है की इसका रख रखाव के बारे में सभी जवानों को जानकारी हो ! 

जरुर  पढ़े :आश्रू गैस के इतिहास तथा प्रभाव

टियर स्मोक के रख रखा से सम्बंधित कुछ विशेष ध्यान देने वाली बाते इस प्रकार से है(Tear smoke ko store karte samay dhyan me rakhne wali bate) !

  1. आसू गैस(tear Smoke) अमुनिसन का स्टोर आम बैरैक से दूर और अलग होना चाहिए !
  2. जिस बिल्डिंग में स्टोरेज करनी हो उसमे अच्छी अर्थिंग(Good earthing) तथा बिजली गिरने से बचने के लिए लाइटिंग कंडक्टर(godd Lighting conductor) होना चाहिए !
  3. सभी प्राकर के बिजली की वायरिंग(Electric wiring) अमुनिसन से कम से कम 6 फीट के दुरी पे हो !
  4. स्टोर में हवा आने जाने तथा  लाइट की अच्छी प्रबंध होना चाहिये !
  5. स्टोर में वायु का संचार नियमित हना चाहिए ! दिन में स्टोर का दरवाजा कुछ  समय के लिए खोल के रखना चाहिए जिससे की स्टोर के अन्दर के गैस बहार निकल सके !
  6. हथियार (Weapon), गैस गन(gas Gun) , रेस्पिराटर(respirator) इतियादी को गैस अमुनिसन के साथ नहीं रखना चाहिए !
  7. गैस अमुनिसन के साथ और किसी प्रकार के अमुनिसन नहीं रखना चाहिए !
  8. आग बुझाने(Fire extinguisher) का समुजित व्वस्था होना चाहिए !
  9. नो स्मोकिंग(No Smoking) का बोर्ड लगा होना चाहिए !
  10. अमुनिसन को जमीन पर तथा दीवाल से लगा के नहीं रखना चाहिए ! इस को जमीन से कम से कम 12 इंच ऊपर रखना चाहिए  तथा चेक करते रहना चाहिए की फर्श के जरिए नमी अमुनिसन तक तो नहीं पहुच रही है !
  11. अमुनिसन दिवार से कम से कम 4 या 5 फीट दूर रखना चाहिए !
  12. अमुनिसन का सेल्फ लाइफ 3 साल का है इसलिए जो अमुनिसन 3 साल से पुराने है उन्हें अलग रखना चाहिए !
  13. अमुनिसन का स्टोर बनाने के तरीके के अनुसार करना चाहिए , अलग अलग प्रकार के अमुनिसन अलग अलग जगह रखना चाहिए !
  14. अमुनिसन को इस प्रकार से रखना चाहिए की जो अमुनिसन पहले बने है वह पहले इस्तेमाल हो जाये !
  15. जिस अमुनिसन का लाइफ ख़तम(Life expire) हो गया हो उसे समुचित करवाई करते हुए जला देना चाहिए !
  16. जिस अमुनिसन का डेट ख़त्म(Expiry date) हो गया हो उसे कभी भी मोब कण्ट्रोल(Mob Control) में इस्तेमाल नहीं करना चाहिए 
  17. जिस अमुनिसन के ऊपर उसका लाइफ लिखा हुवा है और लगता है की ओ कुछ दिनों में मिट जायेगा तो उसके ऊपर मरकर से उसकी लाइफ  को लिख देना चाहिए !
  18.  अमुनिसन को हमेशा पैक हालत में ही रखना चाहिए और पैक को इस्तेमाल करने के वक्त ही खोलना चाहिए !
  19. अगर किसी अमुनिसन को खो दिया गया है लेकिंग इस्तेमाल नहीं हुवा हो उसे अलग रखना चाहिए !
  20. अमुनिसन के हर तीन महीने बाद लिक (leak)और जंग(rust) के लिए चेक करते रहना चाहिए ! अगर कोई लिक या जंग लगा मिले तो उसे अलग कर देना चाहिए !
  21.  मरम्त किये या सुधर किये गए अमुनिसन को अलग रखे !
  22. अमुन्सन को स्टोर से निकलते तथा जमा करने का पूरा रिकॉर्ड रखा जाय !
  23. पुराने गैर इस्तेमाल अमुनिसन जिनका लाइफ ख़त्म होगया हो उनको तय विधि से करवाई करते हसे राईट ऑफ(write off) कर देना चाहिए क्यों की ओ स्टोर में जगह घेरे हुए रहते है !

राईट अमुनिसन में केमिकल के साथ साथ इसके प्रोपोल्लेंट में पाईरोटेक्निक बारूद भरे रहते है जो की काफी ज्वलनशील होते है  इसीलिए राईट कण्ट्रोल अमुनिसन(Riot control ammunisan) के स्टोर को भी काफी अहमियत और सावधानिय बरतनी चाहिए क्यों की सावधानी हटेगी तो दुर्घटना घटने की काफी संभावना होती है !


इस प्रकार से यहाँ टियर स्मोक को स्टोर करने सम्बंधित ध्यान में रखने वली बातो के बारे में संक्षिप्त विबरण समाप्त हुई !और उम्मीद  है की ये पोस्ट पसंद आएगा! अगर की कमेंट होतो निचे कमेंट बॉक्स में जरुर लिखे !ब्लॉग को  सब्सक्राइब और अपने दोस्तों के बिच भी फेसबुक के ऊपर शेयर  कर हमलोगों को सपोर्ट  करे 

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इन्हें भी पढ़े :
  1. 7.62mm LMG का दुरुस्त शिस्त , दुरुस्त पकड़ और दुरुस्त फायर का तरीका
  2. LMG के चाल तथा फौरी इलाज से दूर होने वाले 4 LMG के रोके l
  3. ट्राईपोड़ और LMG को माउंट और डिसमाउंट करने का तरीका
  4. 7.62 LMG को फिक्स्ड लाइन पर लगाने और फायर करने का तरीका
  5. 51 mm मोर्टार तथा इसके डायल साईट के बेसिक टेक्निकल जानकारी
  6. 51mm मोर्टार को खोलना जोड़ना और उसके पार्ट्स के नाम
  7. 51mm मोर्टार की साफ सफाई का तरीका
  8. 51mm मोर्टार के हाई एक्सप्लोसिव बम की चाल और पहचान
  9. स्मोक और इल्लू बम का चाल और बेसिक डाटा
  10. 30mm AGL के बेसिक टेक्नीकल डाटा , विशेषताए और पार्ट्स का नाम

टियर स्मोक गैस का सिद्धांत और इसके इस्तेमाल करते समय ध्यान में रखने वाली बाते !

पिछले  पोस्ट में हमने आश्रू गैस के फायर के ऊपर असर डालने वाले तत्व और उनका निदान के बारे में जानकारी शेयर किआ था इस पोस्ट में मै आश्रू गैस को इस्तेमल करते समय ध्यान में रखने वाली बातो(Tear smoke ko istemal karte samay dhayane me rakhne wali bate) के बारे में जानकारी शेयर करेंगे !



आश्रू गैस के इस्तेमा को ज्यादा से ज्यादा प्रभावी बनाने के लिए जरुरी है की उसका इस्तेमाल करते समय कुछ बाते का विशेष ध्यान रखा जाय ! जैसे :

Image result for tear smoke use
Tear Smoke  Gas
(1) हवा का रुख और रफ़्तार(Hwa ke rukh aur raftar)- जैसे हम जानते है के हवा किस प्रकार से आश्रू गैस के धुवे को प्रभावित करती है ! इसी लिए गैस इस्तेमाल करते ध्यान रखे की गैस को उसी जगह से इस्तेमाल किआ जाय जहा से मजमे के ऊपर ज्यादा से ज्यादा धुए का असर पड सके !

अगर हवा तेज है तो हमे ज्यादा से ज्याद मात्र में आश्रू गैस के गोले फेकने पड़ेंगे क्यों की हवा के रफ़्तार के कारन आश्रू गैस के धुए जल्दे से ऊपर चले जाते है या मजमे से दूर चले जाते है इसलिए हमे आश्रू गैस ज्यादा इस्तेमाल करना चाहिए जब हवा की रफ़्तार तेज हो तो !अगर हवा बहुत तेज हो तो आश्रू गैस को जहा तक संभव हो न इस्तेमाल करे !

जरुर  पढ़े:  आश्रू गैस के प्रकार तथा उसके उपयोग

(2)मजमे का फैलाव(Majme ka failaw) : मजमे के द्वारा घेरे हुए इलाके को देख कर लाइन ऑफ़ रिलीज की  लम्बाई का फैसला किया जाना चाहिए ! लाइन ऑफ़ रिलीज बनाते समय मजमे के दोनों किनारों पर कुछ जगह छुट जाता है ! इसलिए लाइन ऑफ़ रिलीज इतना लम्बा बनाना चाहिए की मजमे का कोई भी हिसा आश्रू गैस के प्रभाव से बंचित न रहे !

(3) मजमे का उतावलापन(Majme ka utawlapan) : मजमे के टेम्पर देखकर ही गैस का इस्तेमाल करना चाहिए ! मजमे का जो हिस्सा ज्यादा उग्रव हो उधर पहले गैस का इस्तेमाल करना चाहिए ! अगर मजमा औरतो और बच्चो का हो तो उनके ऊपर CN गैस के थ्री वे ग्रेनेड का इस्तेमाल करना चाहिए !उतेजित भीड़ के ऊपर CS तथा DM गैस का इस्तेमाल करना चाहिए !

(4)बचने के रस्ते(Escape route majme ko bhagne ke lie) : मजमे  के निकल भागने  वाले रास्तों को टीयर स्मोक गैस से कभी भी कवर नहीं करना चाहिए ! क्योकि हमारा मकशाद मजमे को तितर बितर करना है न की मजमे को घेरना है !

जरुर  पढ़े:आसू गैस के फायर के ऊपर असर डालने वाले तत्व और उसका निदान

(5) टियर स्मोक गैस  की उपलब्धता(Tear smoke gas ki availability) : मजमे को तुरंत तितर बितर करने के लिए जरुरी है की मजमे के ऊपर काफी मात्र में गैस छोड़ा जाए ! यदि गैस कम हो तो भीड का जो हिसा ज्यादा उग्र हो उसके ऊपर गैस छोड़ना चाहिए !

(6) गैस स्क्वाड की सुरक्षा(Security for gas squad) : गैस स्क्वाड की सुरक्षा के लिए कुछ जवानों को हथियार के साथ उनके पास रखना चाहिए !

(7) हॉस्पिटल तथा आस पास के रहवासियो(hospita ttha najdik ke rahwasio ko intimat karna) : मजमे के आस पास के रहवासियो को बता देना चाहिए की आप अपना घर के खडकी दरवाजा बंद रखे क्यों की आज यहाँ टियर स्मोक गैस का इस्तेमाल होने का संभावना है ! येही बात पास में कोई हॉस्पिटल को भी बता देना चाहिए ताकि ओ एहतियातन अपने हॉस्पिटल की खिड़की बंद  रखे ताकि गैस के प्रभाव से मरीज प्रभावित न हो !

(8) मजमे की दुरी (majme ki duri) : गैस स्क्वाड कें इन  चार्ज को यह मालूम होना चाहिए की मजमा कितनी दुरी पर है ताकि उसी हिसाब से टियर स्मोक अमुनिसन का इस्तेमाल करे !

(9) रेस्पिराटर(Respirator) :  गैस इस्तेमाल से पहले गैस पार्टी को रेस्पिरेटर पहन लेना चाहिए !

जरुर  पढ़े:आश्रू गैस के इतिहास तथा प्रभाव

(10) फायर फाइटिंग(Fire fighting) : कभी गैस से माज्मको तितर बितर करना हो या किसी माकन में से किसी अपराधी को पकड़ना हो तो संभावना आग लगने  की बनी रहती है ! इसलिए इन परिस्थियो से निपटने के लिए फायर फाइटिंग की व्वस्था रखनी चाहिए !

रेस्पिरेटर लगाने के तीन फायदे है (Respirator lagane ke teen fayde):
  1. गैस स्क्वाड खुस अस से बच सकता है 
  2. जवानों को यद् गैस के बिच में जाकर कुछ कोई करवाई करनी हो तो आसानी से कर सकते है !
  3. रेस्पिरेटर पहने के बाद जवानों का चेहरा थोडा डरावना हो जाता है जिससे मजमे के अन्दर एक पैनिक/डर पैदा हो जाती है और कुछ लोग इसे देखकर हिवः से निकल लेते है !
इस प्रकार से टियर स्मोक गैस का ओस्तेमल करने का सिद्धन तथा इस्तेमाल के समय ध्यान देने वाली बाते के बारे में संक्षिप्त विबरण समाप्त हुवा !और उम्मीद  है की ये पोस्ट पसंद आएगा! अगर की कमेंट होतो निचे कमेंट बॉक्स में जरुर लिखे !ब्लॉग को  सब्सक्राइब और अपने दोस्तों के बिच भी फेसबुक के ऊपर शेयर  कर हमलोगों को सपोर्ट  करे 

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इन्हें भी पढ़े :
  1. 7.62mm LMG का दुरुस्त शिस्त , दुरुस्त पकड़ और दुरुस्त फायर का तरीका
  2. LMG के चाल तथा फौरी इलाज से दूर होने वाले 4 LMG के रोके l
  3. ट्राईपोड़ और LMG को माउंट और डिसमाउंट करने का तरीका
  4. 7.62 LMG को फिक्स्ड लाइन पर लगाने और फायर करने का तरीका
  5. 51 mm मोर्टार तथा इसके डायल साईट के बेसिक टेक्निकल जानकारी
  6. 51mm मोर्टार को खोलना जोड़ना और उसके पार्ट्स के नाम
  7. 51mm मोर्टार की साफ सफाई का तरीका
  8. 51mm मोर्टार के हाई एक्सप्लोसिव बम की चाल और पहचान
  9. स्मोक और इल्लू बम का चाल और बेसिक डाटा
  10. 30mm AGL के बेसिक टेक्नीकल डाटा , विशेषताए और पार्ट्स का नाम

Monday, September 19, 2016

आसू गैस के फायर के ऊपर असर डालने वाले तत्व और उसका निदान

पिछले पोस्ट में हमने आश्रू गैस के प्रकार तथा उसके उपयोग(Types of tear smoke aur uske itemal) के बारे में जानकारी शेयर की इस पोस्ट में हम आश्रू गैस शेल के पार्ट्स का नाम तथा आश्रू गैस को फायर करने के ऊपर असर डालने वाला तत्व(Tear smoke shell ke name aur tear smoke ke upar asar dalne wali baten) कौन कौन से है उनके ऊपर बात करेंगे !



जैसे की हम जानते है की आश्रू गैस मुनीसन जो की भिन्न भिन्न आकार और प्रकार में आते है तथा ये क्राउड कण्ट्रोल /मोब कण्ट्रोल(Crowd control/mob control) करने में  एक अहम् रोल निभाते है ! इनके प्रभाव को और कारगर बनाने के लिए हमे उन सभी बातो के बारे में जानकारी रखनी चाहिए जो इनके प्रभाव के ऊपर असर डालते है ! 

आश्रू गैस शेल के पार्ट्स का नाम(tear smoke shel ke patrs ka naam) :



  • एमिसन होल(Emission hole) : धुवा बहार आने के लिए 
  • कार्ट्रिज(Cartridge) : इसके अन्दर प्रोपेल्लेंट रहता है 
  • शेल(Shell) : केस जिसके आदर आश्रू गैस के केमिकल रहते है 
  • .22 कैप/बेस कैप(.22 cap) : इसके ऊपर गैस गन का ट्रिगर हित करता है जिसे आग पैदा होता हो और प्रोपेंट को जलाता है !

आश्रू गैस से ज्यादा फ़ायदा उठाने के लिए इसको इस तरीके से इस्तेमाल करनी जाहिए की जो मजमा इकठ्ठा हुई है उसके ऊपर इफेक्टिव असर डाले !इसके लिए जरुरी है की आश्रू गैस का इस्तेमाल से अहले हम कुछ बातो के ऊपर ध्यान रखे !
(a)  हवा का रुख (Hawa ka rukh ka asar) : आश्रू गैस के ऊपर सबसे ज्यादा असर इनका ही पड़ता है और अगर हम आश्रू गैस शेल चला रहे है तो हवा का रफ़्तार भी बहुत  मायने रखता है ! इस लिए आश्रू गैस चलने से पहले हवा का रुख को किसी भी प्रकार जैसे कही थोडा आग जला का उसके धुवा का रुख देख कर या पेड़ पौधों के पत्तो के मूवमेंट या किसी झंडे की हरकत से पता कर लेन चाहिए !

जरुर  पढ़े : पुलिस यूनिफार्म पहनते समय देखनेवाली बातें

विशेषकर आश्रू गैस के शेल जब फायर करते है तो हवा का रुख रखना पड़ता है क्यों की एक तो शेल वजन में हल्का होता है अगर इसे हवा के खिलाफ रुख  में फायर करेंगे तो ये अपने रस्ते भटक जायेगा और जहा हमे गिरना चाहते है वह पे नहीं गिरेगा जिस के कारन उतना असर मजमे के ऊपर नहीं डालेगा !

(b) गर्मी(Garmi ka asar) : गर्मी पाकर हवा हलकी हो जाती है और ऊपर उठती है जिसके कारन इसका फैलाव चारो तरफ नहीं होता है और ये मजमे के कम हिस्से के ऊपर और कम समय के लिए असर रखती है ! इसके लिए जरुरी है के शेल के जगह हम ग्रेनेड को अपने हाथो से जमीन के सहारे लुढकाये !

(c) हवा का रफ़्तार(Hwa ka speed ka asar) :आश्रू गैस के ऊपर हवा के रुख के साथ साथ रफ़्तार फी असर डालता है ! अगर हवा का  राफ्तर तेज हो तो आश्रू गैस को डायरेक्ट मजमे  के ऊपर नहीं फेकना चाहिए नहीं तो ओ हवा के रफ्तार  के कारन आश्रू गैस भी हवा के साथ साथ वहा से हवा जाने के दिशा में चला जायेगा !

इसीलिए जब हवा का रफ़्तार ज्यादा हो तो आश्रू गैस (Tear smoke)को ऐसे जगह पे फेकना चाहिए की जहा से हवा के साथ आश्रू गैस (Tear smoke) धीरे धीरे मजमे की तरफ आये !

लेकिन हमें ये भी जान  लेना चाहिए की आश्रू गैस को असर दर बनाने के लिए हवा का भी जरुरत पड़ता है अगर एक दम ही गम शुम मौसम होगा तो हवा का मूवमेंट बहुत ही धीरे होगा यानि जहा आश्रू गैस फटा है वह से गैस दुसरे जगह जाएगी ही नहीं और इस लिए मजमे के ऊपर उतनी असर नहीं डालेगी जितना की अपेक्षा है और इसके लिए हमे ज्यादा से ज्यादा आश्रू गैस छोड़ने पड़ेगे ! ऐसे आश्रू गैस केलिए सबसे उपयुक्त हवा की रफ़्तार 6 से 12 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ़्तार है !

इस प्रकार से अश्रु गैस के फायरिंग के ऊपर असर डालने वाले कुछ तत्वों के ऊपर संक्षिप्त जानकारी यहाँ संपत हुई !और उम्मीद  है की ये पोस्ट पसंद आएगा! अगर की कमेंट होतो निचे कमेंट बॉक्स में जरुर लिखे !ब्लॉग को  सब्सक्राइब और अपने दोस्तों के बिच भी फेसबुक के ऊपर शेयर  कर हमलोगों को सपोर्ट  करे 


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इन्हें भी पढ़े :
  1. INSAS LMGमें पड़ने वाली गैस की कमी का रोक और उसे दूर करने का तरीका
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  3. 9mm पिस्तौल के चाल और चाल में सामिल होने वाले हिस्से पुर्जे
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  9. 36 ग्रेनेड के बेसिक जनरल डाटा और ग्रेनेड का इस्तेमाल और पार्ट्स के नाम
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